सतना :
शहर में सोमवार की सुबह एक दर्दनाक घटना सामने आई, जिसने न केवल एक परिवार की खुशियाँ छीन लीं बल्कि समाज में बढ़ते भावनात्मक धोखे और मानसिक दबाव पर भी गंभीर सवाल खड़े कर दिए। एक निजी कंपनी में कार्यरत 28 वर्षीय फाइनेंस मैनेजर ने अपने कमरे में फांसी लगाकर जीवन समाप्त कर लिया। घटना तब सामने आई जब वह सुबह ऑफिस नहीं पहुँचा और फोन लगातार स्विच ऑफ मिल रहा था। परिजनों द्वारा कमरे का दरवाजा तोड़ने पर अंदर का दृश्य देखकर सभी के होश उड़ गए।सबसे अधिक हैरान करने वाली बात यह रही कि युवक के पास से एक तीन पन्नों का सुसाइड नोट बरामद हुआ, जिसमें उसने अपने पिता से माफी मांगते हुए लिखा—”सॉरी पापा! मैं अच्छा बेटा नहीं बन सका… मैं टूट चुका हूँ। मैं जिसे दिल से चाहता था, उसने मेरी फीलिंग के साथ खेला।”यह पंक्तियाँ पढ़कर पुलिस भी कुछ देर तक स्तब्ध रही। नोट में युवक ने कई जगह भावनात्मक दर्द की स्थिति का वर्णन किया है। उसने लिखा कि वह काफी समय से मानसिक तनाव में था, लेकिन परिवार पर बोझ नहीं डालना चाहता था।युवक ने पिता, मां और बहन का नाम लेते हुए उन्हें हमेशा उसके साथ खड़े रहने के लिए शुक्रिया कहा, लेकिन लिखा कि “दिल के जख्म किसी को दिखाए नहीं जा सकते।”■ प्रेम-प्रसंग में धोखे का बड़ा खुलासापरिवार और दोस्तों से पूछताछ के बाद पता चला कि वह पिछले डेढ़ साल से एक लड़की के संपर्क में था। दोनों के बीच नजदीकी बढ़ी और शादी तक की बातें हुईं। लेकिन पिछले कुछ महीनों से लड़की का व्यवहार अचानक बदल गया।युवक के दोस्त बताते हैं कि लड़की अक्सर उसे अनदेखा करने लगी थी, जवाब नहीं देती थी और कई बार उसे नीचा दिखाकर बात करती थी।पुलिस को मोबाइल चैट्स से यह भी पता चला है कि लड़की पर किसी दूसरे युवक से बात करने और दोहरी जिंदगी जीने के आरोप लग रहे थे।कई बार युवक ने लड़की से पूछा भी, लेकिन उसे टालकर बहाने बनाए गए।सुसाइड नोट में युवक ने लिखा है—”मैंने उसे सच्चा दिल दिया, उसने इसे खेल समझा। बार-बार इग्नोर करने से मैं अंदर ही अंदर टूटता गया।”पुलिस फिलहाल लड़की से पूछताछ कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि “मानसिक उत्पीड़न” की धाराओं की भी जांच की जा रही है।■ पिता का दर्द — “काश उसने हमसे बात की होती”युवक के पिता ने मीडिया से बात करते हुए कहा—“वह हमेशा परिवार की जिम्मेदारी उठाने वाला, हंसमुख और सीधा लड़का था। हमें अंदाज़ा भी नहीं था कि वह अंदर से इतना टूट चुका था। काश उसने दिल की बात हमसे कह दी होती।”परिवार के सदस्यों के अनुसार, युवक नौकरी में भी अच्छा प्रदर्शन कर रहा था। कंपनी में उसकी छवि मेहनती और शांत स्वभाव वाले कर्मचारी की थी।सहकर्मियों ने बताया कि पिछले कुछ हफ्तों से वह तनाव में लग रहा था, लेकिन किसी ने अंदाज़ा नहीं लगाया कि वह इतना बड़ा कदम उठा लेगा।■ पुलिस की जांच — रिश्तों में मानसिक दबाव बना मुख्य कारणपुलिस के अनुसार, अब तक की जांच में यही सामने आया है कि युवक लंबे समय से भावनात्मक दबाव में था।मोबाइल रिकॉर्डिंग और चैट्स में कई बार ऐसा दिखा है कि लड़की की ठंडी प्रतिक्रिया और बार-बार इग्नोर करने से युवक मानसिक रूप से टूट रहा था।जांच अधिकारी ने बताया—“हम पूरे मामले को निष्पक्षता से देख रहे हैं। फिलहाल आत्महत्या के लिए उकसाने और मानसिक प्रताड़ना के बिंदुओं की जांच की जा रही है। आगे की कार्रवाई सबूतों के आधार पर होगी।”■ समाज में उठ रहे सवालयह घटना सिर्फ एक आत्महत्या नहीं, बल्कि एक सामाजिक चेतावनी भी है।सोशल मीडिया पर लोग कह रहे हैं कि रिश्तों में धोखा, इग्नोर करना, भावनाओं के साथ खिलवाड़ करना, मानसिक प्रताड़ना के समान है।विशेषज्ञ कहते हैं कि लंबे समय तक होने वाली भावनात्मक अनदेखी व्यक्ति को अंदर ही अंदर तोड़ देती है।मनोवैज्ञानिकों का कहना है कि आज की युवा पीढ़ी रिश्तों में अस्थिरता और मानसिक दबाव से जूझ रही है, पर अपने दर्द को परिवार तक नहीं पहुंचने देती।इस घटना ने कई परिवारों और युवाओं को भावनाओं के महत्व पर सोचने को मजबूर कर दिया है।■ पोस्टमार्टम रिपोर्ट और आगे की कार्रवाईशव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। रिपोर्ट मिलने के बाद पुलिस आगे की धारा और कार्रवाई तय करेगी। मोबाइल डेटा, सोशल मीडिया चैट्स और कॉल रिकॉर्ड्स की फोरेंसिक जांच भी कराई जा रही है।
